गांधीनगर. अहमदाबाद के खोखरा इलाके में स्थित सेवन्थ डे स्कूल की छात्र की हत्या का मामला अब भी गरमाया हुआ है. हत्या के विरोध में सिंधी समुदाय के लोग अलग-अलग जिलों में रैलियां निकालकर न्याय की मांग कर रहे हैं. इस मामले की जांच कर रही क्राइम ब्रांच ने हत्या करने वाले नाबालिग को हिरासत में लिया है और अब तक 15 से ज्यादा लोगों के बयान भी दर्ज किए हैं. पुलिस जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि छात्र की हत्या एक कटर किचन से की गई थी. इसके अलावा, सबूतों को छिपाने की कोशिशों और समय पर कार्रवाई न करने के स्कूल पर लगे आरोपों की भी गहनता से जांच की जा रही है, जिसके तहत पुलिस ने स्कूल के प्रिंसिपल से भी पूछताछ की जा रही है.
इस बीच, गुजरात राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने अहमदाबाद के एक निजी स्कूल से उस घटना पर रिपोर्ट मांगी है जिसमें कक्षा 10वीं के एक छात्र की कथित तौर पर उसके ही सहपाठी ने चाकू मारकर हत्या कर दी. यह घटना मंगलवार को शहर के खोखरा इलाके स्थित सेवन्थ डे एडवेंटिस्ट स्कूल के मुख्य द्वार के पास हुई थी. घायल छात्र की इलाज के दौरान उसी रात मौत हो गई.
राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष धर्मिष्ठा गज्जर ने कहा, “ऐसी घटना से लोगों का आक्रोशित होना स्वाभाविक है. हमें जानकारी मिली है कि प्राथमिकी दर्ज हो चुकी है. हमने स्कूल से घटना पर रिपोर्ट मांगी है. रिपोर्ट मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी.” इस घटना के बाद छात्रों और अभिभावकों में रोष फैल गया है.
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संघ (एनएसयूआई) के कम से कम 20 कार्यकर्ताओं को बृहस्पतिवार को स्कूल के बाहर विरोध प्रदर्शन करने पर हिरासत में लिया गया. एनएसयूआई कार्यकर्ताओं के साथ कई वर्तमान और पूर्व छात्र एवं उनके अभिभावक भी स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन में शामिल हुए. प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि प्रबंधन और शिक्षकों ने समय रहते घायल छात्र को बचाने की कोशिश नहीं की.
संभावित विरोध को देखते हुए स्कूल के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था. शहर पुलिस नियंत्रण कक्ष के एक अधिकारी ने बताया, “स्कूल के बाहर से कम से कम 20 एनएसयूआई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया है. उन्हें बाद में छोड़ दिया जाएगा. स्थिति नियंत्रण में है.”
शहर अपराध शाखा के संयुक्त पुलिस आयुक्त शरद सिंघल ने स्पष्ट किया कि आरोपी कक्षा आठवीं का नहीं, बल्कि कक्षा 10वीं का छात्र है. पुलिस के अनुसार, मृतक छात्र की आरोपी किशोर से मामूली कहासुनी हुई थी जिसके बाद उसने धारदार वस्तु से उस पर हमला कर दिया. छात्र की मौत के बाद गुस्साई भीड़ ने बुधवार को स्कूल में तोड़फोड़ भी की.
इस बीच, दो छात्रों के बीच हुई इंस्टाग्राम चैट का एक स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसके बारे में दावा किया जा रहा है कि उनमें से एक आरोपी है. पुलिस ने इस चैट की प्रामाणिकता पर अब तक कोई बयान नहीं दिया है.
चैट में नजर आ रहा है कि आरोपी को अपने कथित कृत्य पर कोई पछतावा नहीं है. जब उसका दोस्त पूछता है कि “तुम किसी की जान नहीं ले सकते.” तो वह जवाब देता है – ‘जो हो गया सो हो गया’. उसके बाद आरोपी का मित्र उसे कुछ समय के लिए छुपकर रहने और चैट्स डिलीट करने की सलाह देता है.