सूत्रों के मुताबिक- शशि थरूर ने कहा, अमेरिका के साथ रिश्ते महत्त्वपूर्ण, ट्रेड सिर्फ एक मुद्दा है. ट्रेड डील पर निगोशिएशन के लिए अमेरिका की टीम भारत आएगी या नहीं, इस पर सवाल किया गया तो सरकार ने कहा कि पुरानी स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ है. विदेश मामलों की कमेटी ने पाकिस्तानी आर्मी चीफ आसिम मुनीर के न्यूक्लियर धमकी वाले बयान पर भी सवाल किए. इस पर सरकार ने बताया कि न्यूक्लियर धमकी हम कभी स्वीकार नहीं करेंगे. मुनीर से हमारे दोस्त देश की जमीन पर खड़े होकर ये बयान दिया, ये अच्छा नहीं लगा. इसे लेकर हम सबको बता देंगे. जब पूछा गया कि क्या अमेरिका से भी मुनीर के बयान को लेकर बात होगी तो विदेश सचिव ने कहा, हम सबको संदेश देना चाहेंगे कि इस तरह की चीजें हमें अच्छी नहीं लगतीं.
पहला- ट्रंप पूरी दुनिया पर टैरिफ लगा रहे हैं सिर्फ भारत पर अकेले नहीं. कई देशों पर टैरिफ लगाया गया है.
दूसरा- कुछ सेक्टर्स को अपने यहां लाने के लिए अमेरिका टैरिफ लगा रहा है. जैसे ऑटोमोबाइल, लेदर, टेक्सटाइल आदि.
तीसरा- अमेरिका रेवेन्यू जनरेशन बढ़ाने के लिए ये टैरिफ लगा रहा है. जैसे एग्रीकल्चर और ऑयल सेक्टर में प्रोडक्शन बढ़ाना है.
1. कमेटी को दी गई जानकारी में बताया गया कि सरकार को उम्मीद है कि अमेरिका के साथ निगोशिएशन जारी रहेंगे.
2. सरकार ने ये साफ कर दिया है कि एग्रीकल्चर और डेयरी सेक्टर में कोई समझौता नहीं होगा.
3. टैरिफ के इंपैक्ट को लेकर सरकार लगातार असेसमेंट कर रही है. सभी स्टेकहोल्डर्स से बातचीत की जा रही है.
4. एक्सपोर्टर्स के साथ भी सरकार बातचीत करके स्थिति का आंकलन कर रही है, ताकि नुकसान रोका जा सके.
5. टैरिफ के इंपैक्ट को कम करने के लिए सरकार अन्य विकल्पों पर भी काम कर रही है. यूरोपीय यूनियन जैसे अन्य देशों के साथ ट्रेड एग्रीमेंट जल्द से जल्द फाइनल करने पर भी विचार किया जा रहा है. इसके अलावा और नए देशों के साथ ट्रेड एग्रीमेंट किए जाएंगे.
अमेरिका से रिश्ते
सरकार की ओर से कहा गया कि अमेरिका के साथ रिश्ते बेहद महत्वपूर्ण है. ट्रेड सिर्फ एक मुद्दा है, जिस पर दोनों देशों की राय बिल्कुल अलग है. इस पर भी सरकार निगोशिएशन कर रही है. लेकिन कुछ मुद्दों पर कोई समझौता नहीं होगा. यूएन सिक्योरिटी काउंसिल और क्वॉड में पहलगाम हमलों को लेकर प्रस्ताव पास किया गया, अमेरिका हमारे साथ था. तहव्वुर राणा का अमेरिका से प्रत्यर्पण किया गया और TRF को आतंकी संगठन घोषित किया गया. यह सब अमेरिका के साथ अच्छे रिश्तों का सबूत है. बैठक में जानकारी दी गई अमेरिका और इंडिया के बीच में पाकिस्तान को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई. ना ही ट्रेड से उसका कोई करना देना है.





